विरोध के बीच सरकार ने रबी की फसलों के लिए जारी की नई MSP


नई दिल्ली। कृषि विधेयक के विरोध के बीच सरकार ने गेहूं की MSP पर 50 रुपये प्रति क्विंटल की वृद्धि का ऐलान कर दिया है। कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने यह ऐलान किया। कृषि मंत्री ने रबी की 6 फसलों की नई एमएसपी जारी की है। बता दें कि संसद में कृषि के दो विधेयक पास होने के बाद न केवल विपक्ष हमलावर है बल्कि हरियाणा और पंजाब के किसान बड़ी संख्या पर सड़कों पर उतर गए। MSP के बारे में किसानों को आश्वस्त करते हुए पीएम ने कहा था, 'मैं पहले भी कहा चुका हूं और एक बार फिर कहता हूं, MSP की व्यवस्था जारी रहेगी। सरकारी खरीद जारी रहेगी। हम यहां अपने किसानों की सेवा के लिए हैं। हम अन्नदाताओं की सहायता के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे और उनकी आने वाली पीढ़ियों के लिए बेहतर जीवन सुनिश्चित करेंगे।'
कृषि मंत्री ने कहा, 'किसानों के हित में मोदी सरकार का एक और निर्णय लिया गया है। न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीद जारी रहेगी और बढ़ी हुई दरों से किसानों को 106 प्रतिशत तक का लाभ होगा। गेहूं का समर्थन मूल्य 1975 रुपए प्रति क्विंटल घोषित किया गया है। गेहूं के समर्थन मूल्य में 50 रुपए प्रति क्विंटल की वृद्धि की गई है।' तोमर ने कहा, 'चना का समर्थन मूल्य 5100 रुपए प्रति क्विंटल घोषित किया गया है। चना के समर्थन मूल्य में 225 रुपए प्रति क्विंटल की वृद्धि। इसके अलावा जौ का समर्थन मूल्य 1600 रुपए प्रति क्विंटल घोषित हुआ है और 75 रुपये प्रति क्विंटल की वृद्धि की गई है। मसूर का समर्थन मूल्य 5100 रुपए प्रति क्विंटल घोषित। सरसों एवं रेपसीड का समर्थन मूल्य 4650 रूपए प्रति क्विंटल घोषित हुआ है। कृषि मंत्री ने कहा, 'वर्ष 2013-2014 में गेहूं की MSP 1400 रुपये थी, जो 2020-2021 में बढ़कर 1975 रुपये हो गई। यानि एमएसपी में 41 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। 2013-2014 में धान की MSP 1310 रुपये थी, जो 2020-2021 में बढ़कर 1868 रुपये हो गई। 2013-2014 में मसूर की MSP 2950 रुपये थी, जो 2020-21 में बढ़कर 5100 रुपये हो गई। 2013-2014 में उड़द की MSP 4300 रुपये थी, जो 2020-21 में बढ़कर 6000 रुपये हो गई ।

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