उर्जा मंत्री के गृह नगर में लगातार हो रही है अघोषित कटौती , उपभोक्ता परेशान

ग्वालियर। मध्यप्रदेश में अधिकारी इतने लापरवाह हो गये हैं कि वह विभागीय मंत्री जी तक को ठेंगा दिखाने से नहीं चूक रहे है। इसी के चलते मंत्री जी के गृह नगर में लगातार बिजली की अघोषित कटौती जारी है। वहीं समाचार पत्रों में विज्ञापन छापने के बाद भी दूसरे इलाकों में सुबह से कटौती कर उपभोक्ताओं को बेवजह परेशान किया जा रहा है। वहीं अधिकारी मजे में मंत्री जी के राज में पौ बारह कर रहे हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार बिजली विभाग में इन दिनों अधिकारियों की पौ बारह है। ग्वालियर में उर्जा मंत्री के रहते भी अधिकारी उन्हें गलत जानकारी दे रहे हैं। बताया जाता है कि उर्जा मंत्री प्रद्युम्र सिंह तोमर द्वारा अधिकारियों को डांट डपट करने के बाद अब अधिकारी स्थानीय समाचार पत्रों में कटौती की जानकारी तो दे रहे हैं, लेकिन अब उन्होंने एक नया खेल शुरू कर दिया है। अधिकारी जिस क्षेत्र में मैंटेनेंस के नाम पर कटौती बताते हैं वहां तो कटौती होती नहीं है और कभी कभी बिजली विभाग के अधिकारी कर भी देते हैं वहीं इसी के साथ दूसरे क्षेत्रों में भी अघोषित बिजली कटौती कर देते हैं। इसकी जानकारी उस समय लगी जब बीते दिनों उपनगर के कई क्षेत्रों सहित फूलबाग जोन में कटौती का समाचार छपा था। लेकिन रोशनी घर क्षेत्र में अघोषित कटौती कर दी। जब बिजली विभाग के कस्टमर केयर पर भोपाल कॉल कर बिजली नहीं होने का कारण पूछा तो वहां बैठी एक महिला ने स्पष्ट कहा कि रोशनी घर जोन में कटौती का कोई भी अपडेट उनके पास नहीं है। इतना ही जब कॉल सेंटर के एक सुपरबाइजर तक से बात की तो उन्होंने कहा कि वह पूछ कर वापस कॉल लगाते हैं लेकिन संबंधित उपभोक्ता के पास कोई कॉल नहीं आया। इसी देखकर लगता है कि उर्जा मंत्री के क्षेत्र में ही अधिकारियों की नाक के नीचे अघोषित बिजली कटौती जारी है और उर्जा मंत्री को ठेंगा दिखाकर अधिकारी मजे कर रहे हैं।
सूत्र बताते हैं कि इसी प्रकार से रोजाना एक तरफ की बिजली कटौती का समाचार देकर दूसरे क्षेत्रों में अघोषित बिजली कटौती का सिलसिला लगातार चल रहा है। ऐसा क्यों किया जा रहा है इसके लिये जिम्मेदार कुछ भी कहने से बच रहे हैं। अब देखना है कि क्या उर्जा मंत्री प्रद्युम्र सिंह तोमर भी इस ओर ध्यान देकर बिजली कटौती के लिये भी अधिकारियों को फिर से रास्ते पर लाने का प्रयास करेंगे या फिर वह इसी प्रकार से ढर्रे पर अघोषित बिजली कटौती को देखते रहेंगे इसका इंतजार रहेगा।

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